भास्कर न्यूज|लोहरदगा
बैंक ऑफ इंडिया ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान, लोहरदगा में आयोजित मोबाइल फोन मरम्मत व सर्विस प्रशिक्षण कार्यक्रम का सफलतापूर्वक समापन हुआ। मुख्य अतिथि के रूप में लोहरदगा के अग्रणी जिला प्रबंधक दिवाकर सिन्हा उपस्थित रहे। उन्होंने प्रशिक्षणार्थियों को प्रशिक्षण-पूर्णता प्रमाण-पत्र प्रदान किया। उन्होंने उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। मौके पर दिवाकर सिन्हा ने कहा कि वर्तमान समय में मोबाइल फोन दैनिक जीवन का अभिन्न हिस्सा बन चुका है। ऐसे में मोबाइल मरम्मत एवं सर्विसिंग के क्षेत्र में प्रशिक्षित युवाओं के लिए स्वरोजगार और रोजगार की व्यापक संभावनाएं हैं। उन्होंने प्रशिक्षणार्थियों से आह्वान किया कि प्रशिक्षण के दौरान अर्जित तकनीकी ज्ञान व कौशल का उपयोग करें। अपना व्यवसाय शुरू करें। आत्मनिर्भर बनें। आरसेटी के निदेशक सुरेश भगत ने कहा कि संस्थान का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के युवाओं एवं इच्छुक अभ्यर्थियों को विभिन्न व्यावसायिक क्षेत्रों में निःशुल्क प्रशिक्षण देना है। उन्हें स्वरोजगार से जोड़ना है। उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण के बाद भी आरसेटी द्वारा अगले दो वर्षों तक प्रशिक्षुओं का मार्गदर्शन व फॉलोअप किया जाता है। व्यवसाय शुरू करने के लिए ऋण की आवश्यकता होने पर प्रशिक्षु आरसेटी के माध्यम से ऋण आवेदन भी कर सकते हैं। प्रशिक्षक विनोद कुशवाहा के मार्गदर्शन में प्रशिक्षणार्थियों को मोबाइल फोन के हार्डवेयर एवं सॉफ्टवेयर की जानकारी दी गई। सामान्य खराबियों की पहचान कराई गई। मोबाइल खोलने-जोड़ने की प्रक्रिया बताई गई। विभिन्न उपकरणों एवं पार्ट्स के उपयोग की जानकारी दी गई। मरम्मत एवं सर्विसिंग का व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया गया। प्रशिक्षुओं ने प्रशिक्षण को उपयोगी बताया। उन्होंने कहा कि इससे उन्हें मोबाइल रिपेयरिंग का कार्य शुरू करने के लिए आवश्यक तकनीकी ज्ञान व आत्मविश्वास मिला है। उन्होंने इस पहल के लिए आरसेटी का आभार व्यक्त किया। समापन समारोह में आरसेटी के अधिकारी-कर्मचारी, प्रशिक्षक एवं प्रशिक्षणार्थी उपस्थित रहे।
